चिंगारी
शोर फैलकर खुश हुआ है आदमींजानता भी है नहीं क्या हो रहाजिस जगह पर थी
विपक्ष मुद्दा विहीन है और प्रधानमंत्री की पिच पर बैटिंग करने को मजबूर है मगर
जिस दिन से आम आदमी पार्टी और उसके संयोजक केजरीवाल ने दिल्ली की सत्ता संभाली
व्यक्ति का हृदय व्याकुल है, प्रेम में धोखा, विश्वासघात के कारण उसके हृदय से ये
रोज सुबह घर से बेमन निकलता हूं गाड़ियों के धुएं और धूप में झुलसता हूं
दिल के कोने में कुछ एहसास आज भी बाकी है कुछ ख्वाबों के मुकम्मल होने
मिली है जो ज़िन्दगी बहुत खूबसूरत है, ख्वाहिशों से भरी हमारे दिल की मासूमियत है,